सभी बीमारियों की दवा नीम के अविश्वसनीय लाभ

नीम के बहुत-से अविश्वसनीय लाभ हैं, आज हम कुछ ऐसे ही लाभों के बारे में बताएगें की कैसे आप इस सर्व सुलभ औषधि के चमत्कारी गुणों का लाभ उठा सकते है।


नीम सिर्फ एक पेड़ ही नहीं, बल्कि सेहत का खज़ाना भी है। लेकिन शायद ही आपको ये मालूम हो कि नीम आपके आंतरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ बाहरी सुंदरता के लिए भी बहुत फायदेमंद होता है। चाहे पिंपल्स, ब्लैकहेड्स या फिर फाइन लाइन्स की समस्या हो या फिर डेंड्रफ या हेयरफॉल से परेशान हों, नीम आपकी मदद कर सकती है।



नीम के बारे में उपलब्ध प्राचीन ग्रंथों में इसके फल, बीज, तेल, पत्तों, जड़ और छिलके में बीमारियों से लड़ने के कई फायदेमंद गुण बताए गए हैं। प्राकृतिक चिकित्सा की भारतीय प्रणाली ‘आयुर्वेद’ के आधार-स्तंभ माने जाने वाले दो प्राचीन ग्रंथों ‘चरक संहिता’ और ‘सुश्रुत संहिता’ में इसके लाभकारी गुणों की चर्चा की गई है। इस पेड़ का हर भाग इतना लाभकारी है कि संस्कृत में इसको एक यथायोग्य नाम दिया गया है – “सर्व-रोग-निवारिणी” यानी ‘सभी बीमारियों की दवा।’ लाख दुखों की एक दवा!



नीम में इतने गुण हैं कि ये कई तरह के रोगों के इलाज में काम आता है। यहाँ तक कि इसको भारत में ‘गांव का दवाखाना’ कहा जाता है। यह अपने औषधीय गुणों की वजह से आयुर्वेदिक मेडिसिन में पिछले चार हजार सालों से भी ज्यादा समय से इस्तेमाल हो रहा है। नीम को संस्कृत में ‘अरिष्ट’ भी कहा जाता है, जिसका मतलब होता है, ‘श्रेष्ठ, पूर्ण और कभी खराब न होने वाला।’

इसका अर्क मधुमेह, कैंसर, हृदयरोग, हर्पीस, एलर्जी, अल्सर, हिपेटाइटिस (पीलिया) वगैरह के इलाज में भी मदद करता है। जानिये  नीम के फायदे और इसे इस्तेमाल करने के तरीके।

नीम अपने परजीवी नाशक गुणों के कारण पेट के कीड़े पर  उपचारात्मक और निवारक प्रभाव डालता है। नीम में कई यौगिक हैं जो परजीवी के रहने की क्षमता को रोकने में समर्थ होते हैं, इस प्रकार इनके जीवन चक्र में दखल और अंडे सेने से नए परजीवी के होने को बाधित करता है। नीम उन विषाक्त पदार्थों को भी हटाता हैं जो कि परजीवी पीछे छोड़ मर जाते हैं।

Mosquito repellent के रूप में इसके तेल का प्रयोग किया जा सकता है खुले अंगो पर नीम का तेल प्रयोग करने से मच्छर दूर भागते है और स्किन को भी बेहद फायदा पहुचता है

बालों के जुएँ समाप्त करने के लिए भी नीम के तेल का प्रयोग किया जा सकता है यदि तेल उपलब्ध न हो तो नीम की पत्तियों का पेस्ट भी प्रयोग में लाया जा सकता है अगर नीम का तेल उपलब्ध हो तो रात में सोने से पहले बालों में अच्छी तरह से मालिश कर लें और सुबह नहाने के बाद जुए की कंधी से कँघी करें एसा 2 से 3 हफ्ते करने से बालों के सरे जुए समाप्त हो जायेगें। नीम का तेल बालों को लंबा करने और डैंड्रफ को दूर करने के लिए भी अच्छा होता है। नीम के एंटीबैक्टीरियल और एंटीसेप्टिक तत्व आपकी बहुत मदद कर सकते हैं।

हल्के हाथों से अपनी बालों की जड़ों पर नीम के तेल से मसाज करें।  इससे आपकी पतले बालों की समस्या भी समाप्त हो जाएगी।
दूर करने के लिए नीम के  पत्तों का पेस्ट स्कैल्प पर लगाएं। एक घंटे के लिए छोड़ दें फिर शैंपू से धो लें। इससे जुए के साथ साथ कमजोर बाल और डैंड्रफ की समस्या भी दूर हो जाती है


हमारा शरीर बैक्टीरिया से भरा हुआ है। एक सामान्य आकार के शरीर में लगभग दस खरब कोशिकाएँ होती हैं। और आपके भीतर इतने सारे जीव हैं कि आप कल्पना भी नहीं कर सकते। इनमें से ज्यादातर बैक्टीरिया हमारे लिए फायदेमंद होते हैं। इनके बिना हम जिंदा नहीं रह सकते, लेकिन कुछ बैक्टीरिया ऐसे भी होते हैं, जो हमारे लिए मुसीबत खड़ी कर सकते हैं। अगर आप नीम का सेवन करते हैं, तो वह हानिकारक बैक्टीरिया को आपकी आंतों में ही नष्ट कर देता है।

आपके शरीर के भीतर जरूरत से ज्यादा बैक्टीरिया नहीं होने चाहिए। अगर हानिकारक बैक्टीरिया की तादाद ज्यादा हो गई तो आप बुझे-बुझे से रहेंगे, क्योंकि आपकी बहुत-सी ऊर्जा उनसे निपटने में नष्ट हो जाएगी। नीम का तरह-तरह से इस्तेमाल करने से बैक्टीरिया के साथ निपटने में आपके शरीर की ऊर्जा खर्च नहीं होती।

आप नहाने से पहले अपने बदन पर नीम का लेप लगा कर कुछ वक्त तक सूखने दें, फिर उसको पानी से धो डालें। सिर्फ इतने से ही आपका बदन अच्छी तरह से साफ हो सकता है – आपके बदन पर के सारे बैक्टीरिया नष्ट हो जाएंगे।

नीम के पत्तों को पीस कर पेस्ट बना लें, उसकी छोटी-सी गोली बना कर सुबह-सुबह खाली पेट शहद में डुबा कर निगल लें। उसके एक घंटे बाद तक कुछ भी न खाएं, जिससे नीम ठीक तरह से आपके सिस्टम से गुजर सके। यह हर प्रकार की एलर्जी – त्वचा की, किसी भोजन से होनेवाली, या किसी और तरह की – में फायदा करता है। आप सारी जिंदगी यह ले सकते हैं, इससे कोई नुकसान नहीं होगा। नीम के छोटे-छोटे कोमल पत्ते थोड़े कम कड़वे होते हैं, वैसे किसी भी तरह के ताजा, हरे पत्तों का इस्तेमाल किया जा सकता है।


नीम में ऐसी भी क्षमता है कि अगर आपकी रक्त धमनियों(आर्टरी) में कहीं कुछ जमना शुरु हो गया हो तो ये उसको साफ कर सकती है। मधुमेह(डायबिटीज) के रोगियों के लिए भी हर दिन नीम की एक छोटी-सी गोली खाना बहुत फायदेमंद होता है। यह उनके अंदर इंसुलिन पैदा होने की क्रिया में तेजी लाता है।


नीम आपके सिस्टम को साफ रखने के साथ उसको खोलने में भी खास तौर से लाभकारी होता है। इन सबसे बढ़ कर यह शरीर में गर्मी पैदा करता है। शरीर में इस तरह की गर्मी हमारे अंदर साधना के द्वारा तीव्र और प्रचंड ऊर्जा पैदा करने में बहुत मदद करती है।